CBSE Board class 10 bhugol ch-1 resources and development
यह पाठ संसाधन और विकास के विभिन्न पहलुओं का विस्तृत विवरण प्रदान करता है। इसमें संसाधनों के वर्गीकरण, उनके अंधाधुंध उपयोग से उत्पन्न समस्याओं और सतत विकास की आवश्यकता पर बल दिया गया है। पाठ में रियो पृथ्वी सम्मेलन 1992 और एजेंडा 21 जैसे अंतरराष्ट्रीय प्रयासों के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण के महत्व को समझाया गया है। इसके अतिरिक्त, भारत में भूमि उपयोग के प्रारूप, मृदा के प्रकार और संसाधनों के विवेकपूर्ण नियोजन की रणनीतियों पर चर्चा की गई है। अंततः, यह सामग्री मानवीय क्रियाओं और प्रकृति के बीच एक संतुलित अंतर्संबंध स्थापित करने का मार्गदर्शन करती है। 1. बहुवैकल्पिक प्रश्नों के उत्तर: (i) पंजाब में भूमि निम्नीकरण का मुख्य कारण अधिक सिंचाई है । (ii) सीढ़ीदार (सोपानी) खेती उत्तराखंड (पश्चिमी और मध्य हिमालय क्षेत्र) में की जाती है । (iii) इनमें से काली मृदा मुख्य रूप से महाराष्ट्र में पाई जाती है । 2. 30 शब्दों में उत्तर वाले प्रश्न: (i) तीन राज्यों के नाम बताएँ जहाँ काली मृदा पाई जाती है। इस पर मुख्य रूप से कौन सी फसल उगाई जाती है? काली मृदा मुख्य रूप से महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ ...